Taaza Khabar

तेलंगाना के तांडूर में कचरे के ट्रकों से ब्लॉक किया गया पेट्रोल पंप

टैक्स न चुकाने पर तेलंगाना में पेट्रोल पंप ब्लॉक: नगर पालिका का अनोखा विरोध

तेलंगाना के विकाराबाद जिले के तांडूर में नगर पालिका टैक्स न चुकाने पर स्थानीय प्रशासन ने एक अनोखी कार्रवाई की है। 31 मार्च 2026 को नगर पालिका के अधिकारियों ने एक स्थानीय पेट्रोल पंप को कचरे के ट्रकों और ट्रैक्टरों की मदद से ब्लॉक कर दिया। यह कदम तब उठाया गया जब पेट्रोल पंप के संचालक ने पिछले पांच वर्षों से 82,000 रुपये का बकाया टैक्स जमा नहीं किया था।

नगर पालिका टैक्स वसूली के लिए कचरा ट्रकों का उपयोग

अधिकारियों ने पेट्रोल पंप के प्रवेश और निकास मार्गों को कचरे से भरे वाहनों से बंद कर दिया। बार-बार याद दिलाने के बाद भी भुगतान नहीं किया गया था। प्रशासन के अनुसार, इस व्यावसायिक संपत्ति पर 82,000 रुपये का संपत्ति कर बकाया था।

तांडूर के म्युनिसिपल कमिश्नर मधुसूदन रेड्डी ने बताया कि पिछले पांच वर्षों में संचालक को कई नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसी कारण नगर पालिका को यह कदम उठाना पड़ा।

स्थानीय निकायों की वित्तीय स्थिति और टैक्स चोरी की समस्या

भारत के कई राज्यों में समय पर करों का भुगतान न होना एक पुरानी समस्या रही है। अर्ध शहरी क्षेत्रों में वाणिज्यिक संपत्तियों के मालिक लंबे समय तक टैक्स देने से बचते रहते हैं।

RBI की 2022 की रिपोर्ट के अनुसार, भारत के नगर निकायों की औसत कर संग्रहण क्षमता मात्र 37% है। रिपोर्ट यह भी बताती है कि भारत की नगर पालिकाएं अपने राजस्व के लिए 35% से अधिक राज्य और केंद्र सरकार के अनुदान पर निर्भर रहती हैं।

कानूनी संदर्भ

यह मामला ‘Telangana Municipalities Act, 2019’ के अधिकार क्षेत्र में आता है। इस कानून की धारा 106 नगर पालिका को अधिकार देती है कि यदि कोई संपत्ति का मालिक तय समय सीमा में कर नहीं चुकाता, तो उसकी संपत्ति कुर्क या सील की जा सकती है। हालांकि, इस अधिनियम में कचरे के ट्रकों से घेरने जैसे किसी तरीके का उल्लेख नहीं है।

इस कार्रवाई पर कानूनी जानकारों ने सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि किसी व्यवसाय के प्रवेश द्वार पर कचरे के ट्रक खड़े करना व्यावसायिक स्वतंत्रता में बाधा और सार्वजनिक स्वच्छता नियमों का उल्लंघन माना जा सकता है। जानकारों के अनुसार प्रशासन को कर वसूली के लिए वैधानिक प्रक्रियाओं का पालन करना चाहिए।

कमिश्नर रेड्डी ने चेतावनी दी है कि भविष्य में जिन लोगों पर भारी बकाया है, उन्हें भी इसी तरह लक्षित किया जाएगा।

यह भी पढ़ें:

Scroll to Top