मुंबई:
मराठा साम्राज्य के संस्थापक और महान राष्ट्रनायक छत्रपती शिवाजी महाराज की जयंती आज राज्यभर में पारंपरिक उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाई गई। सुबह से ही विभिन्न शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में जयंती कार्यक्रमों की धूम रही।
राजधानी मुंबई सहित पुणे, रायगढ़, कोल्हापुर, संभाजीनगर और नागपुर में प्रभात फेरियाँ निकाली गईं। शिवाजी महाराज की प्रतिमाओं पर पुष्पहार अर्पित किए गए और उनके कार्यों को स्मरण करते हुए श्रद्धांजलि दी गई। कई स्थानों पर ढोल-ताशों की गूंज और “जय भवानी, जय शिवाजी” के जयघोष से वातावरण गुंजायमान हो उठा।
जयंती कार्यक्रमों के दौरान वक्ताओं ने शिवाजी महाराज के शौर्य, रणनीतिक कौशल और कुशल प्रशासन पर प्रकाश डाला। वक्ताओं ने कहा कि शिवाजी महाराज ने स्वराज्य की स्थापना कर सामान्य जनता को न्यायपूर्ण शासन का अनुभव कराया। उनके शासन मॉडल को आज भी सुशासन का आदर्श माना जाता है।
इस अवसर पर वित्तीय बाजारों में अवकाश रहा। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) ने छत्रपती शिवाजी महाराज जयंती के उपलक्ष्य में आधिकारिक अवकाश घोषित किया। इसके चलते आज इक्विटी, इक्विटी डेरिवेटिव्स, करेंसी डेरिवेटिव्स तथा SLB सेगमेंट में कारोबार बंद रहा। निवेशकों को आगामी कारोबारी सत्रों में बाजार खुलने की जानकारी दी गई।
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जयंती को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतज़ाम किए थे। संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था। किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए प्रशासन सतर्क रहा। अधिकारियों ने नागरिकों से शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की।
छत्रपती शिवाजी महाराज जयंती राज्य की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण दिवस मानी जाती है। यह दिन नई पीढ़ी को साहस, स्वाभिमान और राष्ट्रसेवा के मूल्यों से जोड़ने का संदेश देता है।
